प्रमोद कुमार अग्रवाल
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बुधवार, 9 जुलाई 2025
आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज में किडनी और हृदय रोगियों के लिए बढ़ीं सुविधाएं
नवोदय विद्यालय में प्रवेश के लिए 29 जुलाई तक कर सकते हैं आवेदन
प्रमोद कुमार अग्रवाल
नवोदय विद्यालय समिति द्वारा जवाहर नवोदय विद्यालयों में कक्षा 6 में प्रवेश के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए प्रवेश प्रक्रिया को पूर्ण रूप से ऑनलाइन रखा गया है। इच्छुक एवं पात्र अभ्यर्थी आधिकारिक वेबसाइट पर अंतिम तिथि से पहले अपना पंजीकरण करा सकते हैं।
मॉडल बनेगा एसएन मेडिकल कॉलेज का बाल रोग विभाग
प्रमोद कुमार अग्रवाल
आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज के बाल रोग विभाग को उत्तर प्रदेश में मॉडल बनाने के लिए प्रस्ताव बना कर शासन को भेजा गया है। इसके तहत नया बहुमंजिला भवन बनाने, बच्चों से जुड़ी सभी तरह की बीमारियों का इलाज व सर्जरी की सुविधा देने, दो सौ बेड और जीवनरक्षक उपकरण लगाने, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित लैब और ऑपरेशन थियेटर होने जैसी सुविधाओं के लिए प्रस्ताव तैयार किया गया था।
प्राचार्य डॉक्टर प्रशांत गुप्ता ने बताया कि एसएन मेडिकल कॉलेज के बाल रोग विभाग को मॉडल बनाने के लिए योजना तैयार की गई है। इसमें बच्चों से जुड़ी किसी तरह की बीमारी की जांच, इलाज और सर्जरी की सुविधा एक ही बिल्डिंग में मिलेगी। बाल रोग विभाग के नए भवन में न्यूरो, गेस्ट्रो, कार्डियो और रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभाग भी बनाया जाएगा। ओपीडी की सुविधा के साथ ही मस्तिष्क, हृदय, पेट और वक्ष रोग के विशेषज्ञ भी नियुक्त होंगे।
कॉलेज के बाल रोग विभाग के अध्यक्ष डॉक्टर नीरज यादव ने बताया कि सरकार से प्रस्ताव की मंजूरी मिलने के बाद मॉडल बाल रोग विभाग में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित लैब और ऑपरेशन थियेटर से बच्चों की सभी बीमारियों का इलाज और सर्जरी वैज्ञानिक ढंग से हो सकेगी। इससे बच्चों के इलाज के लिए लोगों को दूसरे शहरों में नहीं जाना पड़ेगा। (न्यूज़लाइन ब्यूरो)
शुक्रवार, 4 जुलाई 2025
सांस के मरीजों को भर्ती करने पर होगी कोरोना की जांच
प्रमोद कुमार अग्रवाल
मोबाइल फोन पर लंबी बातचीत से हो सकता है ब्रेन ट्यूमर
प्रमोद कुमार अग्रवाल
नगर निगम आगरा की खाली जमीन पर बनेंगे हॉस्पिटल और पार्किंग
प्रमोद कुमार अग्रवाल
आगरा। नगर निगम द्वारा अपनी खाली जमीनों पर हॉस्पिटल, वेस्ट प्लांट, हेल्थ क्लीनिक, पार्किंग और स्टोर जैसे अन्य प्रोजेक्ट शुरू किए जाएंगे। इसके लिए निगम ने शहर के 10 से अधिक क्षेत्रों में 1.01 लाख वर्ग मीटर जमीन को चिह्नित किया है।सभी सीएचसी पर जन औषधि केंद्रों पर मिलेंगी सस्ती दवाएं
प्रमोद कुमार अग्रवाल
बच्चों को कई दिन से खांसी और बुखार होने पर कराएं टीबी की जांच
प्रमोद कुमार अग्रवाल
शुक्रवार, 27 जून 2025
आगरा जोन में पुलिस विभाग की जमीन का हो रहा है डिजिटलाइजेशन
प्रमोद कुमार अग्रवाल
आगरा जोन में पुलिस विभाग की जमीन को चिह्नांकन करने के साथ ही डिजिटलाइजेशन का कार्य भी किया जा रहा है। इसका उद्देश्य जोन में पुलिस विभाग की जमीन की जानकारी करना और जमीन को विभागीय कार्यों के लिए इस्तेमाल में लाने के लिए कार्य योजना तैयार करना है। इससे पुलिस विभाग की जमीनों से संबंधित पूरी जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सकेगी और पुलिस विभाग की आवासीय एवं अन्य समस्याओं को दूर किया जा सकेगा।
एडीजी जोन अनुपम कुलश्रेष्ठ ने बताया कि आगरा, मथुरा, फिरोजाबाद, मैनपुरी, अलीगढ़ और हाथरस जनपदों में पुलिस विभाग की जमीनों का चिह्नांकन किया जा रहा है। इसके बाद राजस्व विभाग में जमीन के रिकॉर्ड की जांच कराई जाएगी। इसके लिए जमीन से संबंधित खसरा और खतौनी सहित पूरा विवरण मांगा गया है। इन जमीनों के चिह्नांकन के बाद एप के माध्यम से डिजिटलाइजेशन कराया जाएगा, जिससे कि पुलिस विभाग की जमीन के संबंध में पूरी जानकारी एक क्लिक पर उपलब्ध हो सके। (न्यूज़लाइन ब्यूरो)
टीथर्ड ड्रोन कैमरों से होगी ताजमहल की निगरानी
प्रमोद कुमार अग्रवाल
विश्वप्रसिद्ध ताजमहल की सुरक्षा के लिए टीथर्ड ड्रोन और एक सौ और कैमरों के माध्यम से निगरानी करने के लिए योजना तैयार की गई है। टीथर्ड ड्रोन की मदद से रेड जोन के साथ ही यलो और ग्रीन जोन में होने वाली सभी गतिविधियों पर नजर रखी जा सकेगी।
डीसीपी सिटी सोनम कुमार ने बताया कि एएसआई और सीआईएसएफ के अधिकारियों के साथ संपन्न हुई बैठक में ताजमहल की सुरक्षा व्यवस्था को और भी पुख्ता करने के लिए विचार विमर्श किया गया। इसके तहत मिले एंटी ड्रोन सिस्टम की मदद से ताजमहल के पांच सौ मीटर के दायरे में उड़ने वाले ड्रोन को गिरा दिया जाएगा। ड्रोन उड़ाने वाले ऑपरेटर की पहचान भी संभव हो सकेगी।
उन्होंने बताया कि टीथर्ड ड्रोन एक ऐसा विशेष ड्रोन है जो एक बार में बारह से चौदह घंटे तक की उड़ान भर सकता है। इसको एक रस्सी से बांध कर निश्चित ऊँचाई तक उड़ाया जा सकता है। इसमें लगे हाई रिज्योल्यूशन कैमरे दिन और रात संदिग्धों पर नजर रखने में सक्षम हैं। इसके वीडियो और सर्विलांस से पुलिस प्रशासन को काफी मदद मिलेगी।
डीसीपी सिटी ने बताया कि टीथर्ड ड्रोन के दो बार ट्रायल हो चुके हैं और जल्द ही इसे परिसर में लगा दिया जाएगा। ताजमहल परिसर के रेड और यलो जोन में सीसीटीवी कैमरों की संख्या में भी वृद्धि की जा रही है। वर्तमान में रेड जोन में 55 सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। अब इनकी संख्या 150 तक की जा रही है। इन कैमरों की मदद से ताजमहल के चप्पे चप्पे पर नजर रखी जा सकेगी। यलो जोन में पुलिस कर्मियों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी। (न्यूज़लाइन ब्यूरो)
सांस और अस्थमा के मरीजों के लिए फायदेमंद है अनुलोम विलोम प्राणायाम
प्रमोद कुमार अग्रवाल
बरसात में भीगने से हो सकते हैं फंगल इंफेक्शन व पेट के रोग
प्रमोद कुमार अग्रवाल
बरसात के मौसम में वर्षा के पानी में भीगने और उमस से टायफाइड, त्वचा, कान और पेट के रोग होने की परेशानी बढ़ रही हैं। इसके अलावा इस मौसम में फंगल इंफेक्शन, एलर्जी, बाल टूटने और खुजली के कारण जख्म बनने की शिकायत भी आ रही हैं।
सोमवार, 16 जून 2025
भारतीय न्याय संहिता, 2023 की महत्वपूर्ण धाराएं
* धारा-64: बलात्कार के लिए सजा (भारतीय दंड संहिता की धारा-376 )
मंगलवार, 10 जून 2025
तेज धूप और गर्मी से हो रहे हैं डायरिया, पेट दर्द व बुखार, बरतें सावधानी
आगरा (प्रमोद कुमार अग्रवाल)। तेज धूप और गर्मी के चलते इन दिनों डायरिया, पेट दर्द, कमजोरी, घबराहट और बुखार से लोग पीड़ित हो रहे हैं। धूप में काम करने वाले लोगों में ये समस्या ज्यादा देखने को मिल रही है। बचाव के लिए समुचित सावधानी बरतने की जरूरत है।
लोको पायलट के तनाव को दूर करने के लिए रेलवे की पहल
आगरा (प्रमोद कुमार अग्रवाल)। रेलवे द्वारा लोको पायलटों की थकान दूर करने और उन्हें तनाव मुक्त रखने के लिए अनोखी पहल की गई है। इसके तहत आगरा कैंट रेलवे स्टेशन के पास रनिंग रूम में लोको पायलटों को योग और ध्यान कराया जाएगा। साथ ही उनके ठहरने और आराम के लिए वातानुकूलित कक्ष की व्यवस्था भी की गई है।
बच्चों और किशोरों में बढ़ रही है डायबिटीज़
आगरा (प्रमोद कुमार अग्रवाल)। बच्चों और किशोरों में टाइप-1 डायबिटीज बढ़ रही है। इन्हें इंसुलिन देनी पड़ रही है। बच्चों में बढ़ती इस बीमारी से डॉक्टर चिंतित हैं। बच्चों और किशोरों को इस बीमारी से बचाने के लिए इलाज के साथ ही अन्य सावधानी बरतने की जरूरत है।
एसएन मेडिकल कॉलेज के डायबिटीज ओपीडी प्रभारी डॉक्टर प्रभात अग्रवाल ने बताया कि कॉलेज की हर शुक्रवार को ओपीडी कॉम्प्लेक्स-दो में डायबिटीज के मरीजों के लिए ओपीडी चल रही है। इसमें 281 मरीज रजिस्टर्ड हैं, जिनमें 276 बच्चे हैं। इनमें भी 271 बालक और 5 बालिकाएं हैं। इनकी उम्र एक साल से लेकर 16 साल तक है। इन मरीजों में ऑटो इम्युन बीमारी के कारण इंसुलिन नहीं बन रही है। इससे टाइप-1 डायबिटीज हो रही है।
बार-बार तेल के उपयोग से बढ़ रहे हैं कैंसर और हृदय रोग के मरीज
(प्रमोद कुमार अग्रवाल)
घर, रेस्टोरेंट, होटल, खाने की स्टॉल आदि में तेल को बार-बार गर्म करके उसमें खाद्य सामग्री बनाने और फिर उनका सेवन करने से कैंसर और हृदय रोगियों की संख्या में बढ़ोत्तरी हो रही है। इसके कारण रक्त में कॉलेस्ट्रोल बढ़ने से धमनियां संकुचित होने लगती हैं, जिससे हृदय आघात का खतरा बढ़ जाता है।
मंगलवार, 13 मई 2025
आंखों की सेहत बिगाड़ रही है तेज धूप और गर्मी
(प्रमोद कुमार अग्रवाल)
गर्मी के मौसम में रखें सेहत का ध्यान
(प्रमोद कुमार अग्रवाल)
हॉस्पिटल जा रहे हैं तो रखें सावधानी, वरना हो सकता है संक्रमण
(प्रमोद कुमार अग्रवाल)
हॉस्पिटल जाते समय पर्याप्त सावधानी बरतना बहुत जरूरी है। थोड़ी सी भी लापरवाही सेहत पर भारी पड़ सकती है। इसकी वजह है हॉस्पिटल के वातावरण में अदृश्य कीटाणु और विषाणु मौजूद रहते हैं जो टीबी, निमोनिया, खांसी, जुकाम, फंगल इंफेक्शन समेत दूसरी कई बीमारियों से स्वस्थ व्यक्ति को भी बीमार बना सकते हैं। यह बात एसएन मेडिकल कॉलेज में एयरबोर्न इंफेक्शन कंट्रोल विषय पर संपन्न हुई वर्कशॉप के दौरान विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा अपने व्याख्यान में व्यक्त किए गए।
एसएन मेडिकल कॉलेज के माइक्रो-बायलॉजी विभाग के अध्यक्ष डॉक्टर अंकुर गोयल ने कहा कि हॉस्पिटल में एयरबोर्न और ब्लडबोर्न से संक्रमित होने का खतरा अधिक होता है। पहले से प्रयोग की जा चुकी सिरिंज या फिर अन्य दूषित चीजों के कारण एचआईवी, हेपेटाइटिस बी और हेपेटाइटिस सी का खतरा बना रहता है। वहीं आईसीयू, ओपीडी और वार्ड में कीटाणु व विषाणु अधिक होने के कारण लापरवाही के चलते मरीज और तीमारदार एकदूसरे से संक्रमित होने लगते हैं।
माइक्रो-बायलॉजी विभाग की डॉक्टर आरती अग्रवाल के कहा कि हॉस्पिटलों में कीटाणु और विषाणु मौजूद रहते हैं। जिन लोगों की इम्युनिटी पॉवर कमजोर होती है या फिर पहले से ही उन्हें कोई बीमारी होती है, जीवाणु और विषाणु के संपर्क में आकर टीबी, स्वाइन फ्ल्यू, फंगल इंफेक्शन, खांसी, जुकाम, बुखार आदि से पीड़ित हो सकते हैं।
वक्ष एवं क्षय रोग विभाग के अध्यक्ष डॉक्टर संतोष कुमार और डॉक्टर जीवी सिंह ने बताया कि टीबी के कीटाणुओं की वजह से मरीजों में मल्टी ड्रग रेसिस्टेंस की परेशानी बढ़ रही है। ऐसे मरीजों के नजदीक आने या इनके संपर्क में रहने वाले तीमारदार व लोग भी टीबी के कीटाणुओं के संपर्क में आकर मरीज हो सकते हैं।
डॉक्टर नीतू चौहान और डॉक्टर प्रज्ञा शाक्य ने बताया कि हॉस्पिटल आने से पहले और हॉस्पिटल में आने के दौरान समुचित सावधानी बरतना बहुत जरूरी है। मरीजों, तीमारदारों और हॉस्पिटल स्टाफ को अपने हाथों को समय समय पर सैनिटाइज करते रहने के साथ ही मुंह व नाक पर मास्क लगा कर रहना चाहिए। हॉस्पिटल के वार्ड, ओपीडी और आईसीयू में मेडिकल वेस्ट को मानक के अनुसार निस्तारण करने पर जोर देने की आवश्यकता है।
वर्कशॉप में डॉक्टरो ने सुझाव देते हुए कहा कि हॉस्पिटल को कीटाणुओं और विषाणुओं से मुक्त रखने के लिए अच्छी क्वालिटी के फिनायल से पोछा लगा कर स्वच्छ रखना चाहिए। मेडिकल स्टाफ को एयरबोर्न इंफेक्शन से बचाने के लिए ट्रेनिंग दी जाए। हॉस्पिटल के वार्ड, ओपीडी और आईसीयू में वेंटिलेशन की बेहतर व्यवस्था हो। हॉस्पिटल में आने वाले खांसी, जुकाम व बुखार के मरीजों और तीमारदारों के लिए अलग से जगह तय करना जरूरी है। हॉस्पिटल स्टाफ को अपने हाथों में ग्लब्स और चेहरे पर अच्छी क्वालिटी का मास्क पहन कर की रहना चाहिए।
वर्कशॉप में एसएन मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉक्टर प्रशांत गुप्ता, डॉक्टर टीपी सिंह, डॉक्टर बृजेश शर्मा, डॉक्टर संजीव लवानियां, डॉक्टर पारुल गर्ग, डॉक्टर अविजित कुमार, डॉक्टर अखिल प्रताप, डॉक्टर विकास कुमार आदि ने भी व्याख्यान दिए। (न्यूज़लाइन ब्यूरो)
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