राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) खेरागढ़ में नए सत्र से छात्र ड्रोन टेक्नोलॉजी की पढ़ाई कर सकेंगे। इसके लिए सत्र 2025-26 में छात्रों से आवेदन मांगे जाएंगे। पहले सत्र के लिए 48 सीटें निर्धारित की गई हैं।
खेरागढ़ आईटीआई के प्रधानाचार्य अमित कुमार ने बताया कि राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में अभी तक परंपरागत ट्रेडों में ही प्रशिक्षण दिया जा रहा था। अब युवाओं को आधुनिक तकनीक से जोड़ने के लिए ड्रोन टेक्नोलॉजी का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसमें प्रशिक्षण के दौरान छोटे से लेकर बड़े ड्रोन बनाने और उनकी मरम्मत करना सिखाया जाएगा। ड्रोन की नई तकनीक से युवाओं में रोजगार के अवसर निरंतर बढ़ रहे हैं।
प्रधानाचार्य ने बताया कि आईटीआई खेरागढ़ में ड्रोन टेक्नोलॉजी का कोर्स शुरू करने से पहले लैब भी तैयार की जाएगी। प्रशिक्षण के लिए ड्रोन और ड्रोन के विभिन्न पार्ट्स को लैब के लिए मंगाया जाएगा। जिससे कि छात्र प्रैक्टिकल रूप से ड्रोन बनाना और उसकी कार्यशैली को समझ सकेंगे। ड्रोन टेक्नोलॉजी में प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद युवाओं के पास रोजगार की अपार संभावनाएं होंगी। क्योंकि वर्तमान समय में खेती से लेकर विवाह तक हर आयोजन में ड्रोन का इस्तेमाल चलन में है। -- प्रमोद कुमार अग्रवाल (न्यूज़लाइन ब्यूरो)
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें