(नेचुरोपैथी के सिद्धांतों पर आधारित)
# भोजन करने से पहले हाथों को किसी अच्छे साबुन या हैंड वॉश से अच्छी तरह साफ कर लें।
# निर्धारित दिनचर्या के अनुसार ही सात्विक भोजन करें। शाम को आठ बजे से पहले भोजन अवश्य कर लें। शाम का भोजन जितना कम रहे उतना अच्छा है।
# भोजन के बाद मिठाई, आइसक्रीम, कोल्डड्रिंक, कोल्ड कॉफी, ठंडा नीबू पानी या ठंडा पानी न लें।
# वैसे तो भोजन के तुरंत बाद पानी नहीं पीना चाहिए, लेकिन अगर पानी पीना है तो गुनगुना पानी पी सकते हैं।
# बेकरी उत्पाद, अधिक ऑयली खाद्य पदार्थ, फास्ट फूड, दूध से बने उत्पाद, शराब, मांसाहारी भोजन, चाय आदि का सेवन न करें। फल और सब्जियों का सेवन अधिक करें।
# भोजन करने के बाद तुरंत लेटने या बैठ कर काम में लगने की बजाय थोड़ा टहलें।
# रात्रि में सोने से पहले ब्रश करना न भूलें। दांत नहीं हैं तो भी सैंधा नमक मिले गुनगुने पानी से कुुल्ला करके ही सोने जाएं। सुबह उठते ही एक या दो गिलास गुनगुना या सादा पानी पीएं। इससे लिवर की क्रियाशीलता अच्छी बनी रहेगी। -- प्रमोद कुमार अग्रवाल, आगरा।
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