@ घर की दक्षिण-पूर्व दिशा यानि आग्नेय कोण में पति-पत्नी का बेडरूम होना वास्तु शास्त्र के अनुसार दोषपूर्ण है. यदि ऐसा है तो पति-पत्नी में मनमुटाव, कलह व क्रोध के अलावा इस दिशा में सोने वालों में हाई ब्लडप्रेशर, डायबिटीज, अनिद्रा, तनाव और सिर में दर्द जैसी बीमारियां होने की संभावना बनी रहती है।
@ वास्तु शास्त्र के अनुसार दक्षिण दिशा पवनपुत्र हनुमान जी के अतुलित बल के संदर्भ में अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जाती है। दक्षिण दिशा में हनुमान जी की तस्वीर लगाने तथा नियमित रूप से लाल रंग के आसन पर बैठकर हनुमान चालीसा का पाठ करते रहने से घर में आने वाली सभी नकारात्मक प्रभाव और वास्तु दोष दूर होने लगते है, लेकिन इसके लिए यह आवश्यक है कि घर में मांसाहार एवं शराब आदि नशीले पदार्थों का सेवन बिल्कुल भी न किया जाए। --प्रमोद कुमार अग्रवाल, वास्तु आचार्य एवं लेखक, आगरा।
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