@ अगर कोई दुकान, फैक्टरी, उद्योग या व्यापार लगातार घाटे में चल रहा है अथवा बंद होने की स्थिति में आ गया है, तो वहां उत्तर-पूर्व कोने (ईशान कोण) में एक आयताकार या वर्गाकार दर्पण लगा देने से आर्थिक लाभ मिलने की संभावना बढ़ सकती है। दर्पण का फ्रेम स्काई ब्ल्यू, सफेद या क्रीम कलर का हो तो परिणाम अच्छे मिलते हैं।
@ मकान के दरवाजे के पीछे (दरवाजे के अंदर वाले भाग में) दर्पण लगाना वास्तु दोष माना गया है, जिसके कारण घर की शांति भंग होने और स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां होने की संभावना बनी रहती है। लेकिन यदि दरवाजा उत्तर-पूर्व कोने (ईशान कोण) की तरफ है तो दरवाजे के पीछे दर्पण लगा सकते हैं।
@ कुछ घर रेलवे क्रॉसिंग अथवा पुल की तरफ पहले से ही बने होते हैं तो कुछ घर बाद में रेलवे क्रॉसिंग या पुल के बन जाने के कारण इनके नजदीक आ जाते हैं। दोनों ही स्थिति में ऐसे घरों की आर्थिक स्थिति पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। सरल शब्दों में कहा जाए तो रेलवे क्रॉसिंग या पुल की तरफ मेन गेट वाले घरों में आमदनी की तुलना में अनावश्यक खर्चे ज्यादा लगे रहते हैं। इस वास्तु दोष से बचने के लिए घर के बाहर मेन गेट पर उत्तल दर्पण लगा देना चाहिए। -- प्रमोद कुमार अग्रवाल, वास्तु आचार्य एवं ज्योतिष- वास्तु लेखक, आगरा।
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