## निजी व्यापार के लिए वर्गाकार या आयताकार सिंह मुखी दुकान शुभ मानी जाती है. दुकान के काउंटर पर बैठते समय चेहरा पूर्व या उत्तर दिशा की तरफ हो.
## दुकान में मंदिर ईशान कोण में ही रखें. जगह के अभाव में उत्तर या पूर्व में भी रख सकते हैं. रुपये-पैसे रखने का गल्ला या कैश बॉक्स उत्तर दिशा में रखें और उसे कभी भी खाली न रहने दें.
## दुकान में शो-केस व भारी सामान दक्षिण व पश्चिम में ही लगाएं, जगह के अभाव में उत्तर पूर्व में हल्के वजन का सामान रख सकते हैं.
## दुकान के सामने किसी तरह की कोई बाधा न हो. दुकान के अंदर टांड या छत पर कमरा दक्षिण या पश्चिम दिशा में ही बनवाएं, पूर्व व उत्तर को खाली रखें. -- प्रमोद कुमार अग्रवाल, सलाहकार एवं वास्तु लेखक, आगरा।
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