सृष्टि के रचियता ब्रह्मा जी को ज्योतिष शास्त्र का प्रथम आचार्य माना जाता है। ब्रह्मा जी ने अपने पुत्र वशिष्ठ को ज्योतिष ज्ञान दिया था। वहीं सूर्य द्वारा पवनसुत हनुमान जी को ज्योतिष सहित समस्त विद्याओं का ज्ञान दिए जाने का उल्लेख मिलता है।
ज्योतिष शास्त्र के अठारह प्रवर्तक हुए हैं, जो इस प्रकार हैं: सूर्य, ब्रह्मा, व्यास, वशिष्ठ, अत्रि, पराशर, कश्यप, नारद, गर्ग, मरीचि, मनु, अंगिरा, लोमश, पौलिश, च्यवन, यवन, भृगु और शौनक। -- प्रमोद कुमार अग्रवाल, आगरा
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