शनिवार, 14 सितंबर 2024

ऊंचा ईशान कोण होता है कष्टकारी

वास्तु शास्त्र में ईशान कोण को सबसे महत्वपूर्ण माना गया है। जिन भवनों में ईशान कोण ऊंचा होता है, वहां भवन स्वामी को जीवन भर काफी आर्थिक संकटों का सामना करना पड़ सकता है। 

  इस स्थिति से बचने के लिए भवन के ईशान कोण को सबसे नीचा, खुला और स्वच्छ रखना आवश्यक है। वहीं भवन के दक्षिण-पश्चिम कोण (नैरित्य कोण) को सबसे ऊंचा रखना भवन स्वामी के लिए लाभकारी होता है। -- प्रमोद कुमार अग्रवाल, वास्तु आचार्य एवं ज्योतिष- वास्तु लेखक, आगरा। 

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