@ किसी का बुरा सोचने की बजाय अपनी सफलता के बारे में ही सोचना चाहिए और उस सफलता को पाने के लिए पूरे मनोयोग से प्रयास भी करना चाहिए।
@ जीवन में खुश रहने के लिए किसी के साथ की कोई आवश्यक नहीं है। बल्कि खुश रहने के लिए यही आवश्यक है कि हम स्वयं को परिपूर्ण मानें, अपनी आंतरिक शक्तियों पर विश्वास रखें और सदैव अपने को अच्छे कार्य में व्यस्त रखें।
@ स्वस्थ रहने के लिए पौष्टिक आहार, नियमित योग व व्यायाम के साथ-साथ अपने मन को मजबूत बनाए रखना भी जरूरी है। तन और मन के कमजोर होने से ही शरीर में बीमारियां आती हैं। आत्मविश्वास मजबूत हो तो मनुष्य सभी तरह की शारीरिक और मानसिक बीमारियों से मुक्त रह सकता है। -- प्रमोद कुमार अग्रवाल, आगरा
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